शुक्रवार, 13 मार्च 2015

आइये स्टिंग करें

आइये स्टिंग करें.......................
बंदना गुप्ता,नई दिल्ली।


  • भाई कोई काम धंधा नहीं है आजकल , बेरोजगार हूँ समझ नहीं आता क्या करूँ ?तो है न सबसे आसान काम जिसमे तुम्हारा कुछ नहीं जाता बस क्रेडिट तुम्हें मिल जाता है जीवन मज़े से गुजरने लगता है वो क्या बताइए जरा भाईजान यहाँ तो हालत पतली हो गयी है , जेब खाली है और बीवी ने भी घर में घुसने से मना कर दिया है जब तक जेब भर नहीं जातीतो भैये काहे चिंता करते हो , हम किस मर्ज़ की दवा हैं .हम तो वक्त देखकर चाल बदल लिया करते हैं , अब देखो मौसम स्टिंग का देखो कितना सुहाना है , तो आइये स्टिंग करें , लोग अपनों के ही स्टिंग कर रहे हैं और देखो तो कैसे छा रहे हैं टीवी चैनलों पर , अख़बारों में . सिर्फ जरूरत है एक बार स्टिंग करने की वो भी किसी नेता , अभिनेता की बस , तुम्हें प्यारे छाने से कोई नहीं रोक सकता . देखो टीवी वालों को तो अपनी टी आर पी बढाने को मसाला चाहिए फिर वो झूठा है या सच्चा उन्हें फर्क नहीं पड़ता क्योंकि देखने वाला तो सिर्फ वो ही चैनल देखता है जहाँ ऐसी मसालेदार खबर आती है . हर किसी को अपने से ज्यादा दुसरे की ज़िन्दगी में झाँकने की आदत होती है तो ये स्टिंग ऐसे मनोरोगियों के लिए दवा का काम करते हैं , घर बैठे उनका इलाज हो जाता है तो इसमें किसी के बाप का क्या जाता है फिर साथ में मनोरंजन का मनोरंजन . और सबसे बड़ी बात यदि इसमें कोई अपने आस पास का जानकार फंस जाता है तो फिर तो पूछो ही मत बन्दे की बल्ले बल्ले हो जाती है , हर तरफ खुद की इमानदारी के ढोल पीटते हुए उसकी बेईमानी के ऐसे परखच्चे उड़ाता है कि बेचारा स्वप्न में भी सिर्फ तुम्हें ही देखता है , देखो कहता था न साला रिश्वत लेता है , बिना रिश्वत लिए तो अपने बाप की तरफ भी नहीं थूकता तो और लोग तो क्या चीज हैं , कल तक सबको गाजर मूली की तरह काटता था न अब काटेगा साला जेल में गाजर मूली तब भाव समझ आएगा . देखो बाबू इसके लिए कोई ज्यादा मेहनत नहीं करनी सिर्फ एक ऐसी तकनीक से लैस चीज ले लो जिसके बिना तुम्हारा गुजारा भी न हो और कोई तुम्हें उसे बाहर ही छोड़कर आने को न कहे बस फिर देखो जिसे जब चाहे स्टिंग कर सकते हो और अपने काम निकलवा सकते हो फिर वो घर का हो बाहर का , पडोसी हो या रिश्तेदार .......यूं समझो प्यारे ये तो अंधे के हाथों बटेर लग गई .........तुम चाहो तो इससे सत्ता पलट सकते हो फिर तुम्हारे जीवन की छोटी मोटी समस्याएं तो हैं क्या चीज बस इतना ध्यान रखना अपने बच्चों को मत सिखाना वर्ना कहीं ऐसा न हो तुम कामवाली बाई को देख रहे हों या पड़ोसन से नैन मटक्का कर रहे हों या सेक्रेटरी के साथ डेट पर हों और तुम ही हो जाओ स्टिंग के शिकार ........फिर मत कहना स्टिंग है बेकार , ये तो झूठी स्टिंग है , ये तो फेक है , इसमें मैं नहीं मेरे जैसा दिखने वाला कोई और है क्योंकि प्यारे जिसे एक बार स्टिंग का चस्का लग जाता है तो बहुत सी बार शिकारी भी शिकार हो जाता है इसलिए अपने बचाव के सारे उपाय करने के बाद स्टिंग के क्षेत्र में कदम रखना वर्ना अभिमन्यु का चक्रव्यूह में फंसकर मरना निश्चित है इस सबक को हमेशा याद रखना और जय हो स्टिंग देवता कह स्टिंग के क्षेत्र में कदम रखना . अब जाओ प्यारे ....सामने से हमारी महबूबा तशरीफ ला रही हैं तुम्हें देख बेवजह हिचक जायेंगी और आगे निकल जायेंगी और हमारा तो दिन ही पनौती की भेंट चढ़ जाएगा वैसे ही सुबह सुबह पनौती की शक्ल ही तो देखकर आया हूँ शायद अब थोडा सुकून मिले आहा क्या जोरदार उपाय बताया है .......जय हो स्टिंग देवता बचकर रहना मियां क्योंकि सोचता हूँ तुम से ही कारोबार शुरू करता हूँ क्योंकि जेब खाली है और शाम को बीवी के लिए डोमिनोज से पिज़्ज़ा खिलाने की फरमाइश भी पूरी करनी है .........क्या ख्याल है ?

     प्रस्तुति- लाल बिहारी गुप्ता लाल, 
 सचिव-लाल कला मंच
फोन-9868163073/7503599161


बुधवार, 11 मार्च 2015

मीठापुर में भोजपुरी जागृति संघ ने मनाया भब्य होली मिलन समारोह

मीठापुर में भोजपुरी जागृति संघ ने मनाया भब्य होली मिलन समारोह
   नरसिंह साह ने सामाजिक भाईचारा बढाने पर दिया जोर
सोनू गुप्ता।



बदरपुर। भोजपुरी जागृति संघ मीठापुर के सौजन्य से एक भब्य होली मिलन समारोह का आयोजन मीठापुर टंकी रोड पर किया गया। इस समारोह के मुख्य अतिथि मथुरा से पधारे परम पूज्य बिमल चैतन्य जी महाराज थे। इस समारोह में मथुरा से पधारे रंग कर्मियो ने रास लीला एवं होली पर काफी नृत्य एवं गीत प्रस्तुत किया वही हरियाणा से पधारे लोक ग्रुप ने भी अपने-अपने अंदाज में होली गीतों का प्रस्तुति  दिया।

  भोजपुरी की लोक गायिका अंजू आर्य एवं स्मिता सिंह ने भी एक से बढकर एक लोक गीतों के साथ साथ होली गीतो के प्रस्तुति द्वारा  दर्शकों का मनमोह लिया। इस समारोह के संयोजक भाई नरसिंह शाह थे। इस समारोह में  श्यामल किशोर सिंह , एकनाथ सिंह ,प्यारे मोहन  श्रीवास्तव, मुकेश भारद्वाद, लाल बिहारी लाल,विजय प्रकाश , ददन कुमार, मुकेश सिंह,एस,एस. तिवारी, नरेन्द्र बहादूर,राम नाथ शर्मा, सोनू गुप्ता,  आदी सहित क्षेत्र के हजारों बदरपुर,मीठापुर, मोलडबंद एवं जैतपुर वार्ड के कई गन्य मान्य मौयूद थे। अन्त में संस्था के अध्यक्ष नरसिंह शाह ने आये हुए सभी आगन्तुकों का हार्दिक धन्यवाद दिया तथा कहा कि समाज में आज आपसी भाईचारा बढाने की काफी जरुरत है और यह कार्यक्रम भी इसी के तहत आयोजित की गई है।
     प्रस्तुति
 लाल बिहारी गुप्ता लाल, 
 सचिव-लाल कला मंच
फोन-9868163073/7503599161

उद्योग भवन (नई दिल्ली) पार्क में बसंत का आनंद उठाते हुए लेखक लाल बिहारी लाल




रविवार, 1 मार्च 2015

लाल कला मंच (रजि.) ने मनाया होली पर रंग-अबीर उत्सव 2015

बदरपुर में होली पर कवियो की चौपाल ने बिखेडा रंग-गुलाल
बदरपुर में होली पर कवियो की चौपाल ने बिखेडा रंग- गुलाल
         लाल कला मंच (रजि.) ने मनाया होली पर रंग-अबीर उत्सव  


नई दिल्लीःलाल कला,सांस्कृतिक एवं सामाजिक चेतना मंच(रजि.) द्वारा सामाजिक भाईचारे का पावन पर्व होली के शुभ अवसर पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी एक सरस काव्य गोष्ठी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का मिला जुला रुप  रंग अबीर उत्सव-2015(काव्य गोष्टी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम) का आयोजन अल्फा शैक्षणिक संस्थान,मीठापुर के प्रांगण में वरिष्ठ सामाजसेवी का. जगदीश चंद्र शर्मा  अध्यक्षता में समपन्न हुआ। इस कार्यक्रम की शुरुआत अतिथि समाजसेवी नरसिंह शाह एवं कामरेड जगदीश चंद्र शर्मा ने दीप जलाकर किया। इसके बाद लाल बिहारी लाल के सरस्वती वंदना-ऐसा माँ वर दे/विद्या के संग-संग/सुख समृद्धि से सबको भर दे, से शुरु हुआ। कार्यक्रम के अतिथि के रुप में कामरेड जगदीश चंद्र शर्मासमाजसेवी रनसिंह शाह थे। इस कार्यक्रम का संयोजन दिल्ली रत्न श्री लाल बिहारी लाल का था तथा संचालन वरिष्ठ साहित्यकार शिव प्रभाकर ओझा ने किया। इस अवसर दिल्ली से देश के जाने माने  पर्यावरणविद् बिनय कंसल जी के पर्यावरण प्रहरी तथ सुप्रसिद्ध लेखिका पूर्णिमा अग्रवाल को पर्यावरण प्रेमी सम्मान से इनके पर्यावरण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए उक्त अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। मीडिया पार्टनर हिन्दी दैनिक हमारा मैट्रो एवं पुरबिया समाचार के रुप में सहयोग रहा। इस कार्यक्रम में स्थानीय विभिन्न स्कूलों के बच्चों द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं दर्जनों कवियों ने भी इस समारोह मे भाग लिया जिसमें-राकेश महतोंरवि शंकरकृपा शंकर,के.पी. सिंह,दिवाकर मिश्रालाल बिहारी लाल ने कहा-
              होली होली की तरह मिल के मनायें संग।
              जतन करें मिज जूल के बिखरे खुशी के रंग।।

इसके अलावें-बिजय प्रकाश ,ददन कुमार ,डा. आर .पी. सिंह(बैद्य जी),राजेश कुमार,,भवानी शंकर शुक्ला,,जय प्रकाश गौतम,आकाश पागल,सुरेश मिश्र अपराधी, गोपाल वर्मा,राहूल दूबे,गिरीश मिश्रा, संजय कुमार मिश्रा,मुरारी कुमार,मनोज सिंह,मलखान सैफी ,पी,एस.भारती,उमेश चंद्र,एस.पी.शर्मा,ललित शर्मा,महेश बच्छराज,ओ.पी.मिश्रा,ओम प्रकाश अग्रवाल, हिन्दी दैनिक हमारा मैट्रो के दिल्ली ब्यूरो चीफ नीरज पाण्डेय  सहित अनेक गन्य-मान्य ब्यक्ति मैयूद थे। अन्त में संस्था के अध्यक्ष श्रीमती सोनू गुप्ता ने कवियों, अतिथियों एवं विभिन्न स्कूल से आये हुए बच्चों सहित शिक्षको को धन्यवाद दिया।  
     प्रस्तुति
 लाल बिहारी गुप्ता लाल, 
 सचिव-लाल कला मंच
फोन-9868163073/7503599161


गुरुवार, 5 फ़रवरी 2015

बदरपुर का चुनावी चौपाल-नेता बेहाल जनता निहाल

बदरपुर का चुनावी चौपाल-नेता बेहाल जनता निहाल
                           *लाल बिहारा लाल


मीठापुर। निर्वाचन आयोग द्वारा 5 जनवरी,2015 को जारी मतदाता सूची के अनुसार बदरपुर विधान सभा  में लगभग 2.40 लाख से ज्यादा मतदाता हैं। इस तरह हाल फिलहाल में 40-50 हजार युवों ने अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए मतदाता सूची में नाम पंजीकृत  करवाया है।
2013 के दिल्ली विधान सभा  खासकर बदरपुर विधान सभा  में मतदान का प्रतिशत 60-65%  था जो इस बार 60-70% रहने की उम्मीद है। इस वोटर में 24-25% प्रतिशत वोट ब्राम्हण के हैं। युवाओं एवं ब्राम्हण को ध्यान में रखकर ही  आप ने पं. नरायण दत शर्मा को अपना उम्मीद्वार बनाया है। और झाडू के बदरपुर से विधान सभा पहूचाने के लिए आप के समस्त नेताओं ने कमर कस रखा है। इस बार मुस्लिमों  का रुझान भी झाडू ,हाथी एवं हाथ की ओर है। भाजपा से रामबीर सिंह विधूडी 2013 में चुनाव जीतने के बाद न ओ-जोन हटवा पाये,न जाम में सुधार हुआ औऱ ना ही 7 साल पहले गगन विहार में  अस्पताल का किया हुआ शिलान्यास के बाद काम को  कुछ आगे बढा पाये। इसलिए नहर पार के मतदाताओं में काफी नराजगी है। ऊपर से चुनाव जीतने का बाद पिछले एक साल में बिधूडी भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच भी कोई खास पैठ नही बना पाये। यह उनपर निर्भर करता है कि वो कितने मतदाताओं एवं कार्यकर्ताओं को रिझा सकते है। इस कमी को पुरा करने के लिए गैर भाजपाइयो को भी अपने साथ मिलाने में कोई कमी नही छोडना चाहतें है। इस कडी में आप से महेश आवाना तथा बसपा से आत्माराम पांचाल को भी मिलाया है।कई सुषमा स्वराज सहित केन्द्रीय मंत्री इस क्षेत्र में चुनावी दौडा कर चुके है तथा गिरीराज सिंह,राजनाथ सिंह जैसे कई केन्द्रीय मंत्री भी दौडा करने वाले हैं। फिर भी बात बन जाये कहना जरा मुश्किल है।
पिछली बार बसपा से हाथी पर चुनाव लड चुके  नरसिंह शाह इस बार भी बसपा से अपनी किस्मत आजमा रहें हैं। पिछली दफा 30,346 वोट लेकर तीसरे स्थान पर थे। इससे उत्साहित होकर  इस बार प्रवासी एवं पूर्वांचलवासी के नाम एवं सहयोग से जी जान लगाये हुये हैं। पिछली बार जैतपुर वार्ज मे दूसरे स्थान पर थे  पर इस बार उनके लगन एवं मेहनत को देखकर कहा जा सकता है कि वो जैतपुर वार्ड में  अपने विरोधियो को अवश्य पीछे छोड सकते हैं।क्योकि सर्वाधिक मतदाता 90.000 जौतपुर वार्ड में है। बसपा के शाह को बदरपुर से जीताने के लिए राम बीर उपाध्याय सहित उ.प्र. के कई पूर्व मंत्री क्षेत्र में चुनावी दौरा कर रहे हैं। स्वंय वसपा के रा. अध्यक्ष मायावती भी गौतमपुरी में 2 फरवरी को आ रही है। नरसिंह शाह जीतने मजबूत होंगे चौ. राम सिंह उतने कमजोर होगे पर इस कमी को र करने के लिए फिलमी हस्ती राज बब्बर सरीखे जोर लगा रहे हैं और खुद काग्रेस के रा. अध्यक्ष सोनिया गाधी भी 1 फऱवरी को मीठापुर में आ रही है। इससे बिधूडी की राह आसान होने के बजाये और उलझ गई है इपर से एक तो नीम दूजे इस बार इनके बीच में झाडू करैला बनके तैयार है इनके अऱमानो  पर झाडू फेरने के लिए तत्पर है।

बदरपुर से कूल 8 प्रत्यासी है  मुख्य मुकाबला इन चारो के बीच में है। पांचवे स्थान पर ओम प्रकाश गुप्ता को एन.टी.पी.सी.कालोनी से 1000-1200 वोट मिलेंगे।तथा शेष पूर्वांचल महापंचायच से प्रमोद कुमार ,समरस समाज से फूल कुमार तथा अन्य निर्दलीय 200-500 के बीच सिमट जायेंगे ऐसी संभावना है पर बदरपुर विधान सभा के समस्त उम्मीद्वार उपने –अपने जीत का दावा कर रहें है ।इस बार जीत किसी का भी हो पर जीत का मार्जिन(अंतर) 5,000 से ज्यादा नहीं रहने की उम्मीद है तथा आज के दिन कहना जरा मुश्किल है कि जीत का सेहरा किसके सिर पर सजेगा। फिर भी जैतपुर वार्ड में पहले स्थान पर नरसिंह शाह,मीठापुर में रामबीर सिंह विधूडी,मोलडबंद में झाडू तथा बदरपुर वार्ड में राम सिह को आगे रहने की संभावना है ।पिछले 20 सालों की  राजनीति बदरपुर में करवट ले चुकी है और दो के विरोध में दो विकल्प खडी हो गई है अब आने वाले दिनों में कौन उम्मीद्वार कितने मतदाताओं को लुभा पाता है इसी पर उसकी जीत निर्भर है।  

बदरपुर विधान सभा से कोई जीते पर इस बार चुनाव में इतिहास रचेगी जनता *लाल बिहारी लाल+

बदरपुर विधान सभा से कोई जीते पर इस बार चुनाव में इतिहास रचेगी जनता
*लाल बिहारी लाल
  बदरपुर । दिल्ली के इस बार चुनाव में बदरपुर से इस बार  8 उम्मीद्वारें में 4 मुख्य प्रतिद्वदी 2013 के चुनावों में भी वही और उसी पार्टी से चुनाव लड रहें है। भाजपा से रामबीर बिधूडी,आप से नरायण दत शर्मा,कांग्रेस से राम सिंह तथा बसपा से नरसिंह शाह अपना-अपना भाग्य पुनः आजमा रहे हैं। ताजा मतदाता सूची के अनुसार बदरपुर में 2,10,000 को आसपास मतदाता हैं इनमें युवाओं की संख्या काफी है और वो वोट भी करतें है। राम वीर बिधूडी विकास
के नाम पर तो राम सिंह किये हुये कामों के आधार पर वोट मांग रहें। वही आप के नरायण दत शर्मा केजरीवाल के 49 दिनो के शासन तथा भविष्य में काम के नाम पर वोटो मांग रहे है तो भाई नरसिंह शाह प्रवासी एवं पूर्वांचलवासी तथा विकास के नाम पर वोट मांग रहें है। इन सभी उम्मीद्वारों के समर्थन में पार्टी के बडे-बडे दिग्गज नेता बदरपुर की धरती को सुशोभित कर रहें है।कांग्रेस से सोनिया गांधी तो भाजपा के सुषमा स्वराज,राजनाथ सिंह, गिरागाज सिंह,मनोज तिवारी,किरण बेदी,प्रभात झा वही बसपा के लिए मायावती,रामबीर उपाध्याय तो आप के संजय सिंह,मनिष शिशौदिया आशूतोशष आदी-आदी।अपने-अपने पार्टी के हक में वोट मांग रहे हैं।
    बसपा के नरसिंह शाह बदरपुर क्षेत्र में पिछले 21 सालों से बंद पडे नालो की साफ-सफाई पिछले दिनों करवाया है जो आज तक किसी नेता ने नहीं करवाया है। दूसरे समाजसेवी के रुप में भी काफी काम किया है,तीसरे इनकी पत्नी शीखा शाह जैतपुर के निगम पार्षद है इसका फायदा भी इन्हें मिल सकता है।
              बदरपुर में वोट  की बात करें तो बैश्य 7 % ,पहाडी 3%, पिछडी जाति 24%,अनुसूचित जाति को 13% मुस्लिम 17%,गुर्जर 18% ब्राह्मण 18% है। पिछली दफा भाजपा के रामबीर विधूडी को 45,344 (34.23 % मत), कांग्रेस के राम सिंह 31,490(23.77 % मत), बसपा से नरसिंह शाह को 30,346(22.91%मत) तथा आप के नरायण दत शर्मा को 20, 833(15.73 %मत ) वोट मिला था। बाकी प्रत्यासी कुछ खास नहीं कर पाये थे।
  इस बार युवाओ,मुस्लिमों  एवं ब्राह्मणों को वोट ज्यादा से ज्यादा आप को पर आप के पुराने कार्यकर्ता शर्मा के काम करने की शैली से काफी नराज है। वही राम सिंह को कुछ मुस्लिमों ,एवं काग्रेस के साथ-साथ उनके अपने कैडर के 18-20 हजार वोट है वो जहा जाते है वही वे जाते हैं। पर कहना मुश्किल है की जीत का सेहरा किसके माथे बंधेगा। भाजपा से बिधूडी को मोदी के समर्थक एवं भाजपा के कैडर वोट तथा उनके अपने वोट भी 15-20 हजार है वो भी उन्हें मिलेगा पर पिछले 13 महिनों में वो ज्यादा अस्वस्थ्यता के कारण पब्लिक के बीच में नहीं रह पाये। इस कमी के दूर करने के लिए बाहरी नेताओं  को भी भाजपा में शामिल कराया गया है। वही बसपा के चुनाव लड रहे नरसिंह शाह की वात करें तो उन्हें अनुसूचित जाति  के कैडर वोट कुछ मुस्लिम वोट तथा कुछ प्रवासी वोट भी उन्हें मिलेंगे। शाह जैतपुर वार्ड में पिछली बार दूसरे नंबर पर थे इसलिए इसबार जी तोड कोशिश कर रहे हैं कि जैतपुर वार्ड में एक नंबर पर रहे तभी तो जीत की राह आसान होगी ।वैसे जैतपुर एवं मीठापुर वार्ड में प्रवासियों की संख्या काफी है लेकिन सभी प्रवासी इन्हें सपोर्ट करे यह संभव नहीं है  क्योकि शाह जनता से नही बल्कि ठीकेदारे के बीच घीरे रहते हैं और दूसरें ये कि पिछले एक साल से जनता से काफी दूर रहें है। फिर भी नहर पार की जनता में इनकी खासी पैठ है।
      बदरपुर में एक कहावत काफी मशहुर है कि एक वार राम सिंह तो दूसरी वार विधुडी पर पहले इनका विकल्प नही था और आज क्षेत्र में इनके दो-दो विकल्प हैं-एक आप के नरायण दत शर्मा तो दूसरे बसपा के नरसिंह शाह है । पर क्षेत्र के मतदाताओं को कौन अपने पक्ष में ज्यादा से ज्यादा  इन दो दिनों में कर पाता है उसी पर इनकी जीत निर्भर है। इसलिए 2015 के चुनाव में आज कहना जरा मुश्किल है कि बदरपुर बिधान सभा क्षेत्र से  कौन उम्मीद्वार जीत पायेगा। फिर भी सभी दल अपने –अपने जीत का दावा कर रहे है। अब दो दिन और इंतजार करते हैं कि इस बार जनता किसे जीतायेगी। इस क्षेत्र से   कोई भी जीते पर इतिहास जरुर बनेगा।
*लेखक लाल कला मंच के सचिव हैं।

सोमवार, 1 दिसंबर 2014

एड्स का जागरुकता ही बचाव है-लाल बिहारी लाल

विश्व एड्स दिवस ( 1 दिसंम्बर) पर विशेष

एड्स का जागरुकता ही बचाव है-लाल बिहारी लाल


 लगातार थकान,रात को पसीना आना,लगातार डायरिया,जीभ/मूँह पर सफेद धब्बे,,सुखी खांसी,लगातार बुखार रहना आदी पर एड्स की संभावना हो सकती  हैं।

लाल बिहारी लाल

लगभग 200-300 साल पहले इस दुनिया में मानवों में एड्स का नामोनिशान तक नही था। यह सिर्फ अफ्रीकी महादेश में पाए जाने वाले एक विशेष प्रजाति  के बंदर में पाया जाता था । इसे कुदरत के अनमोल करिश्मा ही कहे कि उनके जीवन पर इसका कोई प्रभाव नही पडता था। वे सामान्य जीवन जी रहे थे।
      ऐसी मान्यता है कि सबसे पहले एक अफ्रीकी युवती इस वंदर से अप्राकृतिक यौन संबंध स्थापित की और वह एड्स का शिकार हो गई क्योकि अफ्रीका में सेक्स कुछ खुला है , फिर उसने अन्य कईयों से यौन संबंध वनायी और कईयों ने कईयों से इस तरह तरह एक चैन चला और अफ्रीका महादेश से शुरु हुआ यह एड्स की विमारी आज पुरी दुनिया को अपने आगोश में ले चुकी है। आज पूरी दुनिया में 40 मिलियन के आसपास एच.आई.बी.पाँजिटीव है इनमें  से 25 मिलियन तो डिटेक्ट हो चुके हैं जिसमें सिर्फ अमेरिका में ही 1 मिलियन इस रोग से प्रभावित हैं।
     भारत में कुछ मशहूर रेड लाइट एरियामुम्बई,सोना गाछी (कोलकाता), वनारस, चतुर्भुज  स्थान
(मुज्जफरपुर), मेरठ एवं सहारनपुर आदि है। उनमें कुछ साल पहले तक तो सबसे ज्यादा सेक्स वर्कर मुम्बई में इस एड्स प्रभावित थे पर आज एड्स से सबसे ज्यादा प्रभावित सेक्स कर्मी लुधियाना(पंजाब) में हैऔर राज्यो की वात करे तो सर्वाधिक महाराष्ट्र में है. इसके बाद दुसरे स्थान पर आंध्र प्रदेश है।
    इस विमारी के फैलने का मुख्य कारण (80-85 प्रतिशत) असुरक्षित यौन संबंध - ब्यभिचारियों, बेश्याओं,वेश्यागामियों एंव होमोसेक्सुअल है।इसके अलावे संक्रमित सुई के इस्तेमाल किसी अन्य के साथ करने,संक्रमित रक्त चढाने आदी के द्वारा ही फैलता हैं। इस विमारी के चपेट में आने पर एम्यूनी डिफेसियेंसी(रोग प्रतिरोधक क्षमता) कम हो जाती है।जिससे मानव काल के ग्रास में बहुत तेजी से बढता  है। और अपने साथी को भी इस चपेट मे ले लेता है। अतः जरुरी है कि अपने साथी से यौन संबंध वनाने के समय सुरक्षक्षित होने के लिए कंडोम का प्रयोग अवश्य करें। सन 1981 में इसके खोज के बाद अभी तक 30 करोड से ज्यादा लोग काल के गाल में पूरी दुनिया में समा चुके हैं।

   इसके लक्षणों में मुख्य रुप से लगातार थकान,रात को पसीना आना,लगातार डायरिया,जीभ/मूँह पर सफेद धब्बे,,सुखी खांसी,लगातार बुखार रहना आदी प्रमुख हैं।
 इस विमारी को फैलने  में भारत के ग्रामिण  इलाके में गरावी रेखा से नीचे ,अशिक्षा,रुढीवादिता ,महँगाई और बढती खाद्यानों के दामों के कारण पापी पेट के लिए इस कृत(पाप) को करने पर उतारु होना पडता है। इससे बचने के लिए सुरक्षा कवच का उपयोग एवं साथी के साथ ही यौन संबंध वनायें रखना ही सर्वोत्म उपाय है ।     दुनिया में 186 देशो से मिले आकडो पर आधारित एचआईवी/एड्स ग्लोबल रिर्पोट-2012 के मुताबिक  भारत में 2001 से 2011 के मुकावले नए मरीजो की संख्या में 25 प्रतिशत की कमी आई है। 40-55 प्रतिशत मरीजो को एंटी रेटेरोवायरल दवायें उपलब्ध है। लेकिन अभी भी विश्व में इसका खतरा टला नहीं है। बर्ष 2011 में 20.5 करोड लोग इसके चपेट मे आयें हैं। जबकि 50 प्रतिशत की कमी आई है।रिर्पोट के अनुसार 2005 से 2011 के बीच पूरी दुनिया में 24 प्रतिशत कम मौत दर्ज की गई है। यह अच्छी वात है पर अभी भी इसके लिए जागरुकता की सख्त जरुरत है।
 लाल बिहारी लाल
सचिव
लाल कला,सांस्कृतिक एवं सामाजिक चेतना मंच,नई दिल्ली
फोन-9868163073
lalkalamunch@rediffmail.com